मंगलवार रात मिरज के छत्रपति शिवाजी महाराज रोड पर मार्केट यार्ड के सामने नशाखोरों के एक गिरोह ने जमकर उत्पात मचाया। नशाखोरों ने एक एसटी बस को रोककर कंडक्टर के साथ मारपीट शुरू कर दी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कंडक्टर को बचाने का प्रयास किया। इस दौरान महात्मा गांधी चौक पुलिस थाने में कार्यरत पुलिसकर्मी कोंडीबा सरगर गंभीर रूप से घायल हो गए।
मिली जानकारी के अनुसार, कोल्हापुर-जालना एसटी बस मार्केट यार्ड के सामने से गुजर रही थी। इसी दौरान दो हमलावरों ने बस को रोक लिया और कंडक्टर के साथ मारपीट करने लगे। उसी समय वहां से गुजर रहे महात्मा गांधी चौक पुलिस थाने के पुलिसकर्मी कोंडीबा सरगर ने यह घटना देखी और विवाद को सुलझाने के लिए आगे आए।
पुलिसकर्मी कोंडीबा सरगर ने नशाखोरों को हिरासत में लेने का प्रयास किया। लेकिन आरोपियों ने धारदार हथियार से उन पर हमला कर दिया। इस हमले में कोंडीबा सरगर गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तत्काल मिरज के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उन्हें आईसीयू में रखा गया है। उनकी हालत गंभीर बताई जा रही है और उपचार जारी है।
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस अधीक्षक तुषार दोषी, अपर पुलिस अधीक्षक कल्पना बारवकर, मिरज विभागीय पुलिस अधिकारी अजय कोकाटे, महात्मा गांधी चौक पुलिस थाने के पुलिस निरीक्षक संदीप शिंदे, मिरज शहर पुलिस थाने के पुलिस निरीक्षक किरण चौगले और स्थानीय अपराध अन्वेषण विभाग के संजीव झाडे सहित वरिष्ठ अधिकारियों ने सरकारी अस्पताल पहुंचकर घायल पुलिसकर्मी का हालचाल जाना।
इस घटना के दौरान मौके पर जमा भीड़ ने भी नशाखोरों की जमकर पिटाई की।
गौरतलब है कि कुछ ही घंटे पहले सांगली में ‘नशामुक्त सांगली’ का नारा देते हुए पालकमंत्री के नेतृत्व में बड़ी रैली निकाली गई थी। ऐसे में मिरज में हुई यह घटना नशे के बढ़ते प्रभाव पर गंभीर सवाल खड़े करती है। नशाखोरी पर अंकुश लगाना अब पुलिस प्रशासन के सामने एक बड़ी चुनौती होगी।